दक्षिणामूर्ति बीजम च रामा बीकेन संयुक्तम् । द्रम इत्यक्षक्षाराम गनम बिंदूनाथाकलातमकम दत्तास्यादि मंत्रस्य दत्रेया स्यादिमाश्रवह तत्रैस्तृप्य सम्यक्त्वं बिन्दुनाद कलात्मिका येतत बीजम् मयापा रोक्तम् ब्रह्म-विष्णु- शिव नामकाम दत्तात्रेय महामंत्र- दिगंबरा-दिगंबरा श्रीपाद वल्लभ दिगंबरा बीज मंत्र ॐ द्रां। दत्त गायत्री मंत्र ॐ दिगंबराय विद्महे योगीश्रारय् धीमही तन्नो दत: प्रचोदयात...